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  • Ashokarist

    Post Views: 206 अशोकारिष्ट गुण और उपयोग (Uses and Benefits)  :- स्त्रियों को होनेवाले प्रमुख रोग यथा–रक्त-शवेत प्रदर, पीड़ितार्तव, पाण्डु, गर्भाशय व योनि भ्रंश, डिम्बकोष प्रदाह, हिस्टीरिया, वन्ध्यापन तथा ज्वर, रक्तपित्त, अर्श, मन्दाग्नि, सूजन, अरुचि इत्यादि रोगों को नष्ट करता है। अशोकारिष्ट में अशोक की छाल की ही प्रधानता है। अशोक की कई जातियां होती…

  • Laghumalini Basant

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  • Yakshmantak Loh

    Post Views: 249 यक्ष्मान्तक लौह गुण और उपयोग (Uses and Benefits)  :- इसके सेवन से राजयक्ष्मा, पाण्डु, स्वरभंग, खाँसी और क्षतक्षय भी नष्ट हो जाते हैं। इससे बल-वर्ण, अग्नि तथा शरीर की पुष्टि होती है। मात्रा और अनुपान  (Dose and Anupan)  :-  2-4 रत्ती सुबह-शाम धारोष्ण बकरी के दूध या वासा (अडूसा) स्वरस, और मधु…

  • Dashmool Tel

    Post Views: 228 दशमूल तैल गुण और उपयोग (Uses and Benefits)  : इस तैल की मालिश करने से समस्त प्रकार के शिरो रोग एवं वात रोगों से शीघ्र लाभ होता है तथा अस्थिगत, सन्धिगत और कफ प्रधान रोग नष्ट होते हैं। इसके अतिरिक्त कान या नाक के दर्द में भी 3-4 बूँद डालने से अच्छा लाभ…

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