plural effusion

  • Bharangiadi Kwath

    भार्ग्यादि क्वाथ गुण और उपयोग (Uses and Benefits) यह भाग्यादि क्वाथ आवश्यकतानुसार दिन में दो-तीन बार अकेला या इसमें 4 रत्ती नौसादर चूर्ण और 5 सत्ती यवक्षार मिला कर दें। यह क्वाथ कफञ्चर, कफाधिक्य, सन्निपात ज्वर, श्वसनक (न्यूमोनिया) ज्वर, उरस्तोय (प्लूरसी), पार्श्वशूल, कफ-कास और श्वास दूर करने के लिए उत्तम है। इसकी केवल या अभ्रक…